भारत में रूफटॉप सोलर का फ़ैसला चार सवालों पर टिका है: कितना बड़ा सिस्टम चाहिए, PM सूर्य घर सब्सिडी के बाद कितने का पड़ेगा, आपकी छत पर कितनी यूनिट बनेंगी और पैसा कैसे देंगे। नीचे का हर टूल आपके अपने आँकड़ों से इनमें से एक सवाल का जवाब देता है।
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PM सूर्य घर में कितनी सब्सिडी मिलती है
केंद्र की सब्सिडी पहले 2 kW पर ₹30,000 प्रति kW और तीसरे kW पर ₹18,000 है, यानी 3 kW सिस्टम पर अधिकतम ₹78,000। पहाड़ी राज्यों, पूर्वोत्तर और द्वीपों में यह ₹33,000 और ₹19,800 है, यानी अधिकतम ₹85,800। पैसा सिस्टम चालू होने के बाद आपके बैंक खाते में आता है।
| सिस्टम साइज़ | ज़्यादातर राज्य | विशेष श्रेणी वाले राज्य |
|---|---|---|
| 1 kW | ₹30,000 | ₹33,000 |
| 2 kW | ₹60,000 | ₹66,000 |
| 3 kW या ज़्यादा | ₹78,000 | ₹85,800 |
घर का सिस्टम कितने का पड़ता है
2026 की प्रकाशित क़ीमतों के हिसाब से सब्सिडी से पहले 1 kW सिस्टम लगभग ₹1.20 से ₹1.30 लाख, 2 kW ₹1.80 से ₹1.90 लाख और 3 kW ₹2.30 से ₹2.40 लाख का पड़ता है। सब्सिडी के बाद 2 kW सिस्टम लगभग ₹1.20 से ₹1.30 लाख का रह जाता है।
कितना बड़ा सिस्टम चाहिए
1 kW रूफटॉप सोलर महीने में औसतन लगभग 120 यूनिट बनाता है और इसके लिए लगभग 100 sq ft छाया-रहित छत चाहिए। किसी आम महीने की यूनिट को 120 से भाग दें, शुरुआती साइज़ मिल जाएगा। मैदानी इलाक़ों में उत्पादन राजस्थान, हरियाणा और दिल्ली में सबसे ज़्यादा और पूर्वोत्तर में सबसे कम है, इसलिए सोलर कैलकुलेटर आपके राज्य के हिसाब से साइज़ बदलता है।
लगवाने से पहले ये देख लें
- इंस्टॉलेशन से पहले राष्ट्रीय रूफटॉप सोलर पोर्टल (pmsuryaghar.gov.in) पर अप्लाई करें, बाद में नहीं।
- सरकार की मंज़ूर मॉडल लिस्ट (ALMM) वाले, भारतीय सेल से बने (DCR) पैनल ही लगवाएँ, वरना सब्सिडी का क्लेम रिजेक्ट हो सकता है।
- सब्सिडी सिर्फ़ घरेलू कनेक्शन के लिए है। दुकान, ऑफ़िस और फ़ैक्टरी पात्र नहीं हैं।
- नेट मीटर आपका DISCOM लगाता है, जो ग्रिड को भेजी अतिरिक्त यूनिट का क्रेडिट देता है।
अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
क्या 3 kW से बड़े सिस्टम पर सब्सिडी मिलती है?
हाँ, लेकिन रक़म ₹78,000 पर ही रहती है (विशेष श्रेणी वाले राज्यों में ₹85,800)। 3 kW से ऊपर कोई अतिरिक्त सब्सिडी नहीं मिलती।
क्या दुकान या ऑफ़िस को PM सूर्य घर सब्सिडी मिलती है?
नहीं। केंद्र की सब्सिडी सिर्फ़ घरेलू बिजली कनेक्शन के लिए है। बिज़नेस इसकी जगह एक्सेलरेटेड डेप्रिसिएशन जैसे टैक्स फ़ायदे ले सकते हैं।
सब्सिडी खाते में कितने दिन में आती है?
2026 की रिपोर्टों के अनुसार सही आवेदनों पर सिस्टम चालू होने के लगभग 30 दिन में पैसा आ रहा है, जबकि योजना की शुरुआत में चार से छह महीने लगते थे।
1 kW सोलर कितनी यूनिट बनाता है?
पूरे भारत में औसतन महीने में लगभग 120 यूनिट, यानी रोज़ 4। सिक्किम में महीने की लगभग 92 से राजस्थान में 131 तक, और ऊँचाई वाले लद्दाख में लगभग 160।
पूरी प्रक्रिया जाननी है? पढ़ें PM सूर्य घर सब्सिडी 2026: कितनी मिलती है और कैसे लें।