मुख्य बातें

  • घर पर चार्ज करने पर इलेक्ट्रिक कार का ख़र्च लगभग ₹1 से ₹1.5 प्रति km, पेट्रोल का ₹5.5 से ₹7।
  • पब्लिक फ़ास्ट चार्जिंग ₹15 से ₹26 प्रति यूनिट पड़ती है और बचत लगभग आधी कर देती है।
  • रोज़ 40 km चलने वाली कार के लिए लगभग 1.5 से 2 kW रूफटॉप सोलर काफ़ी है।

इलेक्ट्रिक गाड़ी ख़रीदने में महँगी और चलाने में बहुत सस्ती है। आपके लिए यह फ़ायदेमंद है या नहीं, यह तीन बातों पर टिका है: आप कितना चलाते हैं, एक यूनिट बिजली कितने की पड़ती है और आप कहाँ चार्ज करते हैं। इस गाइड में 2026 के असली आँकड़ों से हर एक का हिसाब है।

EV या पेट्रोल: प्रति km ख़र्च

घर पर चार्ज करें तो इलेक्ट्रिक कार लगभग ₹1 से ₹1.5 प्रति km और इलेक्ट्रिक स्कूटर लगभग ₹0.15 से ₹0.40 प्रति km पड़ता है। पेट्रोल वाले लगभग ₹5.5 से ₹7 प्रति km और ₹2 से ₹2.50 प्रति km पड़ते हैं। यानी EV चलाना चार से सात गुना सस्ता है, बशर्ते ज़्यादातर चार्जिंग घर पर हो।

गाड़ीबिजली खपतइलेक्ट्रिक, घर पर चार्जिंगपेट्रोल
कार100 km में 15 से 18 यूनिट₹1 से ₹1.5 प्रति km₹5.5 से ₹7 प्रति km
स्कूटर50 km में 1.5 से 2 यूनिट₹0.15 से ₹0.40 प्रति km₹2 से ₹2.50 प्रति km

अपना प्रति km ख़र्च कैसे निकालें

गाड़ी प्रति km जितनी यूनिट लेती है, उसे एक यूनिट की क़ीमत से गुणा करें। रेट आपके बिजली बिल में है: बिल की रक़म को इस्तेमाल हुई यूनिट से भाग दें। गाड़ी की बिजली खपत उसकी स्पेक शीट या ट्रिप डिस्प्ले में होती है।

कार का उदाहरण

100 km में 16 यूनिट लेने वाली कार, ₹8 प्रति यूनिट पर, 0.16 × ₹8 = ₹1.28 प्रति km पड़ती है। महीने में 1,500 km पर यह लगभग ₹1,900 है, जबकि उतनी ही दूरी पर पेट्रोल कार लगभग ₹9,000 की पड़ती है।

स्कूटर का उदाहरण

50 km में 1.75 यूनिट लेने वाला स्कूटर ₹8 प्रति यूनिट पर लगभग ₹0.28 प्रति km पड़ता है। रोज़ 30 km आने-जाने में महीने का लगभग ₹250 लगता है, जबकि पेट्रोल में लगभग ₹2,000।

इलेक्ट्रिक स्कूटर बनाम पेट्रोल स्कूटर, रोज़ की दूरी के हिसाब से

भारत में सबसे ज़्यादा दोपहिया चलते हैं, इसलिए यहाँ चार आम रोज़ाना दूरियों पर स्कूटर की तुलना है। मान लिया गया है कि घर पर ₹8 प्रति यूनिट पर चार्ज करने से 50 km में 1.75 यूनिट लगती हैं (लगभग ₹0.28 प्रति km) और पेट्रोल स्कूटर लगभग ₹2.20 प्रति km का पड़ता है।

रोज़ की दूरीइलेक्ट्रिक, हर महीनेपेट्रोल, हर महीनेसाल की बचत
20 km₹170₹1,320₹13,800
30 km₹250₹1,980₹20,700
40 km₹340₹2,640₹27,600
60 km₹500₹3,960₹41,500
सिर्फ़ चार्जिंग का ख़र्च। टायर, सर्विस और बीमा आगे दिए गए हैं।

रोज़ 30 km पर इलेक्ट्रिक स्कूटर साल में लगभग ₹20,000 बचाता है, यानी दो से तीन साल में मिड-रेंज इलेक्ट्रिक स्कूटर और उसके पेट्रोल वाले मुक़ाबले की क़ीमत का फ़र्क़ निकल आता है।

अपनी गाड़ी के साथ आज़माएँ

1. आपकी गाड़ी
आप कौन-सी गाड़ी इलेक्ट्रिक करना चाहते हैं?
km
₹
2. आप कहाँ चार्ज करेंगे
आप कहाँ चार्ज करेंगे
पब्लिक फ़ास्ट चार्जर पर लगभग ₹18 से ₹25 प्रति यूनिट लगता है, घर की यूनिट से दो से तीन गुना।
और जानकारी (optional)
₹/यूनिट
घर की बिजली का रेट। ख़ाली छोड़ने पर ₹8 प्रति यूनिट लेंगे। ज़्यादातर घरों में ₹6 से ₹9 लगता है।
गाड़ियाँ
फ़्लीट के लिए। ऊपर का ख़र्च एक गाड़ी का है।
₹/यूनिट
ख़ाली छोड़ने पर ₹20 प्रति यूनिट लेंगे।
यूनिट/100 km
स्पेक शीट या अपनी रीडिंग से। इससे हमारा अनुमान बदल जाएगा।

इलेक्ट्रिक बनाम पेट्रोल/डीज़ल, हर महीने

बिजली का रेट क्यों मायने रखता है

ज़्यादातर राज्यों में घर की बिजली ₹6 से ₹9 प्रति यूनिट है, और महीने की यूनिट स्लैब पार करने पर रेट अक्सर बढ़ जाता है। कार जोड़ने से घर ऊँचे स्लैब में जा सकता है, इसलिए अपनी औसत दर नहीं, बल्कि अतिरिक्त यूनिट पर लगने वाली स्लैब दर देखें।

घर पर चार्जिंग बनाम पब्लिक फ़ास्ट चार्जिंग

पब्लिक DC फ़ास्ट चार्जर पर लगभग ₹15 से ₹26 प्रति यूनिट लगता है, यानी घर से लगभग तीन गुना। ₹22 प्रति यूनिट पर कार लगभग ₹3.55 प्रति km पड़ती है। यह भी पेट्रोल से सस्ता है, लेकिन बचत आधी रह जाती है।

कहाँ चार्ज करते हैंप्रति यूनिट क़ीमतकार का प्रति km ख़र्च
घर या ऑफ़िस (AC)₹6 से ₹9लगभग ₹1 से ₹1.5
पब्लिक फ़ास्ट चार्जर (DC)₹15 से ₹26लगभग ₹2.5 से ₹4

रूफटॉप सोलर से चार्जिंग

1 kW रूफटॉप सोलर महीने में लगभग 120 यूनिट बनाता है। रोज़ 40 km चलने वाली कार को महीने में लगभग 200 यूनिट चाहिए, तो 1.5 से 2 kW सोलर काफ़ी है। उतनी ही दूरी चलने वाले स्कूटर को सिर्फ़ लगभग 40 यूनिट चाहिए, जो 1 kW सिस्टम में आराम से आ जाती हैं।

1.5 से 2 kWरोज़ 40 km चलने वाली कार के लिए ज़रूरी रूफटॉप सोलर

सोलर सबसे अच्छा तब काम करता है जब गाड़ी दिन में चार्ज हो, जैसे ऑफ़िस पर, या जब नेट मीटर दिन में भेजी गई यूनिट का क्रेडिट दे जो आप रात में वापस लेते हैं।

चार्जिंग के अलावा ख़र्च

  • सर्विसिंग आसान है: न इंजन ऑयल, न क्लच, न स्पार्क प्लग, न साइलेंसर।
  • ब्रेक धीरे घिसते हैं क्योंकि regenerative braking गाड़ी को धीमा करती है।
  • टायर जल्दी घिस सकते हैं क्योंकि EV भारी होती है।
  • बैटरी वारंटी साल और किलोमीटर दोनों में देखें; रीसेल के लिए यही सबसे अहम है।

EV का पैसा कब वसूल होता है?

जितना ज़्यादा चलाएँगे, ज़्यादा क़ीमत उतनी जल्दी वसूल होगी। साल में 12,000 km पर इलेक्ट्रिक कार सिर्फ़ फ़्यूल में लगभग ₹50,000 सालाना बचाती है, सर्विसिंग की बचत अलग। इलेक्ट्रिक और पेट्रोल वर्ज़न की क़ीमत के अंतर को इस बचत से भाग दें, सालों में पैसा वापसी मिल जाएगी।

डिलीवरी फ़्लीट के लिए

रोज़ 100 km या ज़्यादा चलने वाली वैन और थ्री-व्हीलर ज़्यादा क़ीमत सबसे जल्दी वसूल करते हैं, क्योंकि बचत हर किलोमीटर पर होती है। इसीलिए अगस्त 2026 में इलेक्ट्रिक कमर्शियल गाड़ियों की बिक्री रिकॉर्ड 4,702 यूनिट रही, जो पिछले साल से 188% ज़्यादा है।

घर पर चार्जिंग का सेटअप

सैंक्शन्ड लोड चेक करें

घर का AC चार्जर कई घंटे लगातार लोड लेता है। अगर कनेक्शन का सैंक्शन्ड लोड कम है, तो चार्जर से सप्लाई ट्रिप हो सकती है या पेनल्टी चार्ज लग सकते हैं। आपका DISCOM अनुरोध पर सैंक्शन्ड लोड बढ़ा सकता है, आमतौर पर थोड़ी फ़ीस पर।

चार्जर चुनें

घर के चार्जर AC होते हैं। ज़्यादातर कारों के साथ पोर्टेबल चार्जर आता है जो हेवी-ड्यूटी सॉकेट में लगता है, और दीवार पर लगने वाला चार्जर तेज़ चार्ज करता है। कनेक्टर अपनी गाड़ी से मिलाएँ और टाइमर वाला चार्जर लें, ताकि सस्ते या धूप वाले घंटों में चार्ज कर सकें।

सोसायटी से अनुमति लें

अपार्टमेंट में हाउसिंग सोसायटी की मंज़ूरी और आपकी पार्किंग पर सप्लाई पॉइंट चाहिए, अक्सर अलग मीटर के साथ। जल्दी पूछें; इसमें अक्सर कार ख़रीदने से ज़्यादा समय लगता है। ख़र्च के साथ पूरा तरीक़ा घर पर EV चार्जर लगवाना में है।

स्विच करने से पहले एक छोटी चेकलिस्ट

  • रोज़ की दूरी और रात में गाड़ी कहाँ खड़ी होगी
  • अतिरिक्त यूनिट जिस स्लैब में जाएँगी, उसकी बिजली दर
  • क्या ज़्यादातर दिन घर या ऑफ़िस पर चार्ज कर सकते हैं
  • इलेक्ट्रिक और पेट्रोल वर्ज़न की क़ीमत का अंतर, सालाना बचत से भाग करके
  • बैटरी वारंटी, साल और किलोमीटर में
अपनी EV का हिसाब देखेंरोज़ की दूरी और फ़्यूल ख़र्च, लगभग एक मिनट।
EV कैलकुलेटर खोलें

अक्सर पूछे जाने वाले सवाल

भारत में इलेक्ट्रिक कार का प्रति km ख़र्च कितना है?

₹6 से ₹9 प्रति यूनिट पर घर में चार्ज करें तो लगभग ₹1 से ₹1.5 प्रति km, और पब्लिक फ़ास्ट चार्जर पर लगभग ₹2.5 से ₹4 प्रति km।

क्या इलेक्ट्रिक स्कूटर पेट्रोल से सस्ता है?

हाँ। यह लगभग ₹0.15 से ₹0.40 प्रति km पड़ता है, जबकि पेट्रोल स्कूटर ₹2 से ₹2.50।

EV चार्ज करने के लिए कितना सोलर चाहिए?

EV जितनी यूनिट महीने में लेती है, उसे 120 से भाग दें। महीने में 1,200 km चलने वाली कार लगभग 200 यूनिट लेती है, यानी लगभग 1.5 से 2 kW।

क्या फ़ास्ट चार्जिंग से बैटरी ख़राब होती है?

रोज़ DC फ़ास्ट चार्जिंग से गर्मी बढ़ती है और बैटरी धीमी AC चार्जिंग के मुक़ाबले जल्दी पुरानी हो सकती है। ज़्यादातर लोग सफ़र में फ़ास्ट चार्जिंग और रोज़ घर पर चार्जिंग करते हैं।

स्रोत

आँकड़े आख़िरी बार चेक किए गए: 26 सितंबर 2026.

  1. meraev.com
  2. bgauss.com
  3. autocarpro.in